मेरा गुप्त जीवन- 126
कम्मो हंस के बोली- वाह छोटे मालिक, आप और आपका यह ल…
भाई की शादी में सुहागरात मनायी-3
8-10 मिनट तक चुदवाने के बाद मैं अपने चरम सुख की ओ…
मेरा गुप्त जीवन- 125
मैंने सब मैडमों को बता दिया और उन्होंने फैसला लिया…
कच्ची कली मसल डाली-2
दोस्तो, इस कहानी के प्रथम भाग कच्ची कली मसल डाली-1 म…
चुदक्कड़ टीचर ने पढ़ाए चुदाई के पाठ-1
चूतनिवास की पहली चुदाई मेरे प्रिय पाठको, यह किस्सा…
साली की बेटी संग ठरकी मौसा की करतूतें -1
दोस्तो, मेरा नाम गिरीश है और मैं जीरकपुर, चंडीगढ़ म…
ऑफिस में मैनेजर ने की मेरी गाण्ड ठुकाई -1
मैं अंधेरी के जिस हास्पिटल में काम करती थी.. उसके …
पड़ोसी को पटा कर चुत चुदवा ली-1
दोस्तो, मेरी नयी कहानी में आप सबका स्वागत है. मेरी …
चूत एक पहेली -62
अब तक आपने पढ़ा.. अर्जुन- देखिए बिहारी जी.. मैं जान…
योनि रस और पेशाब दोनों एक साथ निकल गए -4
अब तक आपने पढ़ा.. अब आप समझ ही गए होंगे कि चुदास ब…