गोवा की मंजू

प्रेषक : कृष्णा पवार मैं अन्तर्वासना की हर एक कहानी प…

मेरे बचपन का प्यार

मेरा नाम अदित है, आज मैं अपनी पहली कहानी लिखने जा…

चूत की खिलाड़िन-7

ससुरे की तारीफ़ थी, 50 का हो रहा था लेकिन इतनी गरम…

Meri Ma Meri Jan – Part I

Me akash apne papa aur ma ke sath rehta hu.Meri m…

चूत की खिलाड़िन-3

देवर से मस्ती का खेल आज से शुरू हो गया था। मैं देव…

Dekha Apne Mummy Papa Ka Honeymoon

Mai vishesh aaj kafi dino baad aaj ye soch ke haz…

Pyasi Maa Ki Pyas – Part II

Fir maine use kaha aaj mai hi tuze nhelaungi usne…

सपनों से हकीकत का सफर

नमस्कार मित्रो, लम्बे अंतराल के बाद मैं फिर आप सभी क…

दिल का क्‍या कुसूर-9

मुझे लगा कि इस बार मैं पहले शहीद हो गई हूँ। अरूण …

व्यंग्य कथा : अकबर और बीरबल

बादशाह अकबर का दरबार लगा हुआ था, सारे दरबारी अपने…