वीर्यदान महादान-1
मित्रो, मैं अन्तर्वासना का पुराना पाठक व लेखक हूँ, च…
वो हसीन पल-1
सारिका कंवल नमस्कार, आप सभी अन्तर्वासना के पाठकों ने…
वीर्यदान महादान-5
विक्की कुमार पूरे नाश्ते के दौरान हम तीनों दुनिया ज…
वो हसीन पल-3
सारिका कंवल इसी तरह 4 दिन बीत गए थे हम दोपहर को र…
वो हसीन पल-2
सारिका कंवल मैंने मुस्कुराते हुए जवाब दिया, “फिलहा…
डुबकी का खेल रिया के साथ
लेखक : सुमित सम्पादक : शिप्रा मेरे प्रिय अन्तर्वासना क…
बारिश में भीगी कुँवारी ममता
चक्रेश यादव दोस्तों नमस्कार, सुनाइए कैसे हैं आप? इस …
रात के ग्यारह बजे
मेरे प्रिय अन्तर्वासना के पाठको, कृपया मेरा अभिनन्दन …
अंगूर का मजा किशमिश में-7
सारिका कंवल तभी मेरी सहेली मुझे लेने आ गई और हम द…
अंगूर का मजा किशमिश में-8
सारिका कंवल उसने कहा- आज रात मैं तुम्हें खुले में …