छप्पर फाड़ कर

प्रेषिका : रिया रॉय चूत के सभी पुजारियों को रिया र…

रुचि का शिकार-2

रुचि सीधे होकर मुझसे चिपक गई और बोली- सच राजीव, इ…

जन्नत चाची

मै और मेरे चाचा-चाची पास-पास रहते थे, मेरे चाचा क…

आकर्षण-5

लेखिका : वृंदा वेदांत मेरे पास आया.. उसने मुझे गल…

सोने का नाटक

मैं अपनी पहली कहानी लिख रहा हूँ, उम्मीद है आप सब क…

मेरी बिगड़ी हुई चाल

कोमल की कोमल चूत की तरफ से आपको नमस्ते। मैं आपको ब…

गौने से पहले-1

प्रेषक : ए के मैं एक 32 वर्षीय पुरुष हूँ, उत्तर प्रदे…

तीन चुम्बन-3

लेखक : प्रेम गुरू रति-द्वार दर्शन : जब मैं रमेश और स…

रेखा- अतुल का माल-4

इस बीच रेखा का मोबाइल बजा। रेखा बोली- मेरे पति का…

हमारी नौकरानी सरीना-2

सरीना आठ बजे तक काम करके चली जाती थी, आज नौ बज रह…