केले का भोज-6

ओ ओ ओ ओ ओ ह… खुद को शर्म में भिगोती एक बड़ी लहर, रो…

मोहिनी सूरत थी उसकी !

प्रेषक : अजय सिंह अन्तर्वासना के सभी पाठकों को मेरा …

पलक की चाची-1

आप सभी को नमस्कार आप सभी ने मेरी पहले भेजी हुई कहा…

केले का भोज-7

नेहा ने जब एक उजला टिशू पेपर मेरे होंठों के बीच द…

Ek Chudakad Parivar

Hello dosto, ye kahani ek parivar ki mast kahani …

पाँच सौ का नोट

सभी पाठकों को मेरा नमस्कार, पाठिकाओं को मेरे खड़े ल…

मेघा की तड़प-3

अदिति अपनी सफ़ल हुई योजना से खुश थी। जो वो मेघा को…

मेघा की तड़प-1

मेघा यूँ तो किशोर अवस्था को अलविदा कर चुकी थी। उसम…

स्वयंवर का सच-2

लेखक : प्रेम गुरु और अरमान मैंने झट से अपने कपड़े उ…

एक से भले दो !

दोस्तो, मैं श्रेया आहूजा एक बार फिर आपके सामने पेश …