केयर टेकर-1

मैं दुनिया में बिल्कुल अकेली थी। मेरे माँ-बाप बचपन…

साले की बीवी की गांड में रंग

दोपहर का वक्त था, मैं अपने काम से एक जगह गया था। व…

पंछी दाना चुग गया

आपने मेरी पिछली कहानी मामा के साथ वो पल कुछ समय प…

विधवा नौकरानी संग चूत-चुदाई का खेल

दोस्तो, आज मैं आप लोगों को ये बताऊँगा कि कैसे मैंन…

मुम्बई से दुबई- कामुक अन्तर्वासना-3

पिछले भाग में आपने पढ़ा – पूर्ण संतुष्टिदायक चुदाई क…

मुम्बई से दुबई- कामुक अन्तर्वासना-2

मैं और मधु आज हम दोनों फ़ोन पर साथ साथ चुदाई का आन…

जून 2016 की लोकप्रिय कहानियाँ

प्रिय अन्तर्वासना पाठको जून महीने में प्रकाशित कहानिय…

प्रफुल्ला-1

अन्तर्वासना के सभी पाठकों को नमस्ते, मेरी पिछली सभी …

मुम्बई से दुबई- कामुक अन्तर्वासना-4

मैं और रेनू अच्छे दोस्त थे, हम खुल कर बातें कर रहे …

मेरी गली का सलीम-1

लेखिका : शमीम बानो कुरेशी “क्या बात है अब्दुल, आजकल…