दोस्ती का आनन्द

प्रेषक : विनोद कुमार विनय मेरा नाम विनोद है, मैं औ…

पहली कुंवारी चूत मुझे मिली मुँह बोली बहन की -2

अब तक आपने पढ़ा.. मैंने कहा- आज कोई नहीं है घर पर.…

पहली कुंवारी चूत मुझे मिली मुँह बोली बहन की -1

मैं अब पचास साल के ऊपर का हो गया हूँ। ऊपर वाले कि…

साजन का अधूरा प्यार-1

प्रेषक : साजन आपके बहुत से मेल भी आये और मैंने सभी…

बारिश की रात भाभी के साथ

मैं दिल्ली से हूँ। मैं पेशे से इंजीनियर हूँ पर आजक…

निगोड़ी जवानी-5

मैं रोनी सलूजा, अन्तर्वासना कहानियों के भण्डार में आ…

साक्षी संग रंगरेलियाँ-6

अभी तक : साक्षी बोली- मंजू तेरा सब काम ठीक हुआ ना?…

नीलम की चूचियाँ बड़ी मीठी लगीं -2

अब तक आपने पढ़ा.. रात में गरमी बहुत थी.. तो हम चार…

साक्षी संग रंगरेलियाँ-1

अन्तर्वासना के सभी पाठकों को नमस्कार! आप सबका प्यार ह…

मेरा गुप्त जीवन- 169

जब मैं अपने वाले कमरे में पहुँचा तो वहाँ लड़कियों …