जिस्मानी रिश्तों की चाह-57

सम्पादक जूजा आपी बोलीं- बस भाई, अब तुम जाओ.. मैं र…

चरित्र बदलाव-10

अन्तर्वासना के पाठकों को मेरा नमस्कार और ढेर सारा प्य…

अभी चुदाई बाकी है

प्रेषक : आदित्य नमस्कार दोस्तो, आजकल के दौर में सारे …

कुछ इस तरह दिलाई मेरे मोबाइल ने चूत-2

अब तक आपने जाना कि मैं बेसब्री से सुबह का इंतज़ार क…

शादी से पहले नहीं

सबसे पहले मेरी ओर से सभी चूतों और लौड़ों को मेरा न…

जिस्म की मांग-1

प्रणाम पाठको, उम्मीद है सब कुशल मंगल से होंगे, सबका…

पलक की चाहत-7

इस बार उसके मुँह से दर्द से एक चीख निकल ही गई थी, …

पलक की चाहत-5

वो कहते कहते रुक गई … “मैंने पूछा और क्या …?” तो ब…

मेरी बेकाबू बीवी-1

मेरी बेबाक बीवी की मेरे डॉक्टर दोस्त द्वारा मेडिकल च…

अल्हड़ पंजाबन लड़की संग पहला सम्भोग-1

अन्तर्वासना के सभी नर और नारियों को राहुल श्रीवास्तव …