एक भाई की वासना -41
सम्पादक – जूजा जी हजरात आपने अभी तक पढ़ा.. जाहिरा श…
हास्य कविताएँ
चाँदी जैसी चूत है तेरी, उस पे सोने जैसे बाल .. एक…
पड़ोसन ने रसोई में लौड़ा चूसा
Padosan ne Rasoi me Lauda Chusa दोस्तो, आज मैं आपक…
माँ बहन संग चूत चुदाई -1
हैलो दोस्तो.. आज मैं बड़े ही सोचने-विचारने के बाद ल…
एक भाई की वासना -35
सम्पादक – जूजा जी हजरात आपने अभी तक पढ़ा.. थोड़ा सा …
लखनऊ के नवाब की चुदास-1
Lucknow ke Navab ki Chudas-1 अन्तर्वासना के सभी पाठ…
लड़कपन की यादें-2
रात हुई, हम तीनों ने खाना खाया, थोड़ी देर ड्राइंग र…
एक भाई की वासना -40
सम्पादक – जूजा जी हजरात आपने अभी तक पढ़ा.. पहले तो …
पापा मम्मी की दूसरी सुहागरात -4
मुझे तो ऐसा लगा कि कहीं मम्मी के होंठ छिल न जाये। …
पापा मम्मी की दूसरी सुहागरात -3
पापा बोले- तुमने कहा था कि अब की बार जब भी करेंगे…