वो सात दिन कैसे बीते-1
साल भर हो गया शायद, मेरी अंतिम कहानी को छपे… ऐसा …
पेईंग गेस्ट
प्रेषक : गुल्लू जोशी मेरी नौकरी शहर में लग गई थी। म…
कामुक रेखा
प्रेषक : प्रेम अन्तर्वासना के सभी पाठकों को मेरा सलाम…
जिस्मानी रिश्तों की चाह-38
सम्पादक जूजा अब तक आपने पढ़ा.. आपी ने मेरी मुठ मार …
कुंवारा नहीं रहा
प्रेषक : केदार राव मेरा नाम केदार है, मैं मुंबई मे…
वो सात दिन कैसे बीते-4
गौसिया स्खलित होने के बाद सनसनाते दिमाग के साथ बेज…
जिंदगी भर फ्री
प्रेषक : अक्षय सिंह दोस्तो, आप सभी को अक्षय का सलाम। …
कोई और है
आमिर को अपनी बीवी किसी बस्ते में लिपटी हुई मजहबी क…
प्रफुल्ला-3
हम बड़े से ड्राइंग रूम में आये, प्रफुल्ला मेरे लिए बा…
मेरी जीवन यात्रा-2
मेरी कहानी मेरी जीवन-यात्रा का आरम्भ अन्तर्वासना पर ज…