केले का भोज-7

नेहा ने जब एक उजला टिशू पेपर मेरे होंठों के बीच द…

Ek Chudakad Parivar

Hello dosto, ye kahani ek parivar ki mast kahani …

पाँच सौ का नोट

सभी पाठकों को मेरा नमस्कार, पाठिकाओं को मेरे खड़े ल…

Rangin Awargi – Bhaiya Ne Maar Dala

Shashi ke ghar se main jab nikali to mere kadam k…

मेघा की तड़प-3

अदिति अपनी सफ़ल हुई योजना से खुश थी। जो वो मेघा को…

मेघा की तड़प-1

मेघा यूँ तो किशोर अवस्था को अलविदा कर चुकी थी। उसम…

स्वयंवर का सच-2

लेखक : प्रेम गुरु और अरमान मैंने झट से अपने कपड़े उ…

एक से भले दो !

दोस्तो, मैं श्रेया आहूजा एक बार फिर आपके सामने पेश …

तो लगी शर्त-2

सम्पादक : राज कार्तिक बिना सोचे समझे बोल पड़ी- तो ठी…

बाथरूम का दर्पण-4

मैं आपको बता दूँ कि मैंने कभी किसी को मजबूर करके …