एक और अहिल्या-8

वसुन्धरा की आँखों से भी गंगा-जमुना बह निकली. भावाव…

एक और अहिल्या-11

मैंने अपना हाथ पैंटी के अंदर ही हथेली का एक कप सा…

जवाँ मर्द का आण्ड-रस-2

कहानी के पहले भाग में मैं और मेरा दोस्त जिम ज्वाइन …

माँ के मोटे चूचे और मेरी हवस

दोस्तो, मेरा नाम राहुल है और मैं यू.पी. के बिजनौर …

पति के दोस्त ने मेरी कामवासना जगायी

मैं घर में अकेली थी. मेरे पति के दोस्त ने अपना मोट…

जेठ के लंड ने चूत का बाजा बजाया-4

कहानी के तीसरे भाग में अभी तक अपने पढ़ा था कि एक ब…

कॉल ब्वॉय के साथ बितायी पूरी रात

हैलो फ्रेंड्स … मैं अंजलि शर्मा फिर से अपनी आगे की क…

Punjaban jattiyan husan di patiya-2

Roj kavita tyar ho ke ghar to college lyi pindo b…

कॉलबॉय के साथ अमेरिका में सुहागरात का मजा-3

उसके बाद सुहास बेड पर लेट गया. उसका लंड अब मुरझा …

एक और अहिल्या-6

वसुन्धरा की मां ने अभी-अभी वसुन्धरा को फोन लगा कर आ…